ब्राह्मण
Sunday, 5 April 2026
तुम्हारा हृदय
छायाः 04 अप्रैल 2026
विस्तीर्ण गगन सा ग़र तुम्हारा हृदय होता,
तो मैं होता! हृदय मेरा न मय होता-तमोमय होता!!
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